कल लगेगा खंड चंद्रग्रहण , रंगोत्सव परसों


 कल लगेगा खंड चंद्रग्रहण , रंगोत्सव परसों

रंग पर्व होली इस बार चंद्रग्रहण के कारण एक दिन आगे बढ़ गई है। सोमवार को होलिका दहन के अगले दिन यानी मंगलवार को होने वाले चंद्रग्रहण की वजह से रंगोत्सव मंगलवार के बजाय बुधवार चार मार्च को मनाया जाएगा। यह खंड चंद्रग्रहण दोपहर 3:20 बजे से ही लग जाएगा, लेकिन भारत में ग्रस्तोदित होगा, यानी सायंकाल चंद्रमा ग्रहण लगा हुआ ही उदित होगा। इसकी कुल अवधि देश में 50 मिनट की होगी। ग्रहण के कारण उत्सव, भोजन, गमनागमन व अन्य मांगलिक कार्य वर्जित हो जाते हैं।ख्यात ज्योतिषाचार्य पं. ऋषि द्विवेदी के अनुसार फाल्गुन शुक्ल पूर्णिमा अर्थात तीन मार्च मंगलवार को लगने वाला यह चंद्रग्रहण भारतीय समयानुसार दोपहर 3:20 बजे आरंभ होकर सायं 6:48 बजे तक रहेगा, परंतु भारत के पूर्वोत्तर राज्यों के अलावा बंगाल, उप्र, मप्र, दिल्ली, महाराष्ट्र, राजस्थान आदि क्षेत्रों में आंशिक रूप से खंड चंद्रग्रहण के रूप में सूर्यास्त के बाद चंद्रोदय काल से दिखाई देगा।इसीलिए इन क्षेत्रों के लिए उदयकाल ही ग्रहण के आरंभ का काल माना जाएगा, क्योंकि ग्रहण जिस क्षेत्र में जिस समय पर दिखाई देता है, वही उसका काल होता है। काशी में चंद्रोदय सायं 5:58 से होगा, इसलिए काशी में चंद्रग्रहण शाम 5:58 से 6:48 तक रहेगा।

बीएचयू के ज्योतिष विभाग के पूर्व अध्यक्ष प्रो. विनय कुमार पांडेय ने बताया कि चंद्रग्रहण का सूतक काल ग्रहण के दृश्यमान होने के नौ घंटा पूर्व लग जाता है। इसके अनुसार काशी में सूतक प्रातः 8:58 बजे से आरंभ होगा। शाम 5:58 बजे से शाम 6:48 बजे तक ग्रहण का दृश्य प्रभाव रहेगा।सूतक काल में जप, तप, हवन और मंत्र जाप के अलावा अन्य शुभ कार्य नहीं किए जाते। श्रीकाशी विद्वत परिषद के राष्ट्रीय महामंत्री प्रो. रामनारायण द्विवेदी ने बताया कि ग्रहण एवं मोक्ष काल में स्नान अवश्य करना चाहिए, क्योंकि उस समय सभी जल गंगाजल के समान पवित्रतम हो जाते हैं। आस-पास कोई तीर्थक्षेत्र नदी, सरोवर इत्यादि हो तो वहां स्नान करना चाहिए।

होलिका दहन आज रात 12.50 से 2.02 के बीच

पं. ऋषि द्विवेदी के अनुसार संपूर्ण देश में फागुन कृष्ण चतुर्दशी तिथि में सोमवार दो मार्च को रात्रिपर्यंत भद्रा होने से भद्रा पुच्छ से रात्रि 12.50 से रात 2.02 बजे के मध्य होलिका दाह किया जा सकेगा।फागुन शुक्ल पूर्णिमा तिथि दो मार्च को 5.18 बजे शाम लग रही जो तीन मार्च को शाम 4.33 बजे तक रहेगी। भद्रा दो मार्च की शाम 5.18 बजे लग रहा जो तीन मार्च की भोर 4.56 बजे तक रहेगा।शास्त्राज्ञा अनुसार, अबकी भद्रा पुच्छ में होलिका दाह होगा। तीन मार्च को शाम 4.33 बजे से चैत्र कृष्ण प्रतिपदा तिथि लग जाएगी, जो चार मार्च को 4.15 बजे तक रहेगी।

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